अब मकान के किराये और जमीन की लीज पर लगेगा जीएसटी ! - GST In India

Wednesday, 29 March 2017

अब मकान के किराये और जमीन की लीज पर लगेगा जीएसटी !


अब मकान के किराये और जमीन की लीज पर लगेगा जीएसटी !

नई दिल्ली : क्या आपने अपनी जमीन लीज पर दी है या इमारत किराये पर दी है? यदि ऐसा है तो 1 जुलाई से इस पर मिलने वाली रकम पर अब गुड्स ऐंड सर्विसेज टैक्स चुकाने के लिए तैयार रहिए। यही नहीं निर्माणाधीन इमारत की ईएमआई पर भी जीएसटी लागू होगा। अब तक इन पर सर्विस टैक्स लागू होता था। आपको बता दें कि केंद्र सरकार 1 जुलाई से जीएसटी को लागू करने की तैयारी में है। इसके सभी प्रावधानों पर सहमति बन चुकी है और किन चीजों को किस टैक्स स्लैब में रखना है, इस पर बातचीत चल रही है। हालांकि जमीन और इमारत की बिक्री को जीएसटी के दायरे से बाहर रखा जाएगा।
वित्त मंत्री अरुण जेटली की ओर से सोमवार को लोकसभा में पेश जीएसटी से संबंधित विधेयकों के मुताबिक, 'इन ट्रांजैक्शंस पर पहले की तरह ही स्टांप ड्यूटी लगती रहेगी।' इसके अलावा बिजली को भी जीएसटी के दायरे से बाहर रखा जाएगा। 1 जुलाई, 2017 से लागू होने वाले जीएसटी में सेंट्रल एक्साइज टैक्स, सर्विस टैक्स और स्टेट वैट जैसे तमाम अप्रत्यक्ष कर समाहित होंगे। सेंट्रल जीएसटी बिल के मुताबिक किसी भी तरह की लीज, किरायेदारी, भूमि पर कब्जे के लिए लाइसेंस पर जीएसटी लागू होगा। बिल में इसे सेवा की आपूर्ति माना गया है।
इसके अलावा किसी भी इमारत के पूरे या आधे हिस्से को लीज या किराये पर देने पर भी जीएसटी लगेगा। यह टैक्स रिहायशी और औद्योगिक क्षेत्रों की इमारतों पर लागू होगा। विधेयक में स्पष्ट किया गया है कि जमीन और इमारत (निर्माणाधीन इमारत नहीं) की बिक्री पर जीएसटी के तहत कोई टैक्स नहीं लगेगा। इसे सप्लाइ ऑफ गुड्स के दायरे से बाहर रखा गया है। टैक्स एक्सपर्ट्स का कहना है कि मौजूजा सर्विस टैक्स की व्यवस्था के तहत कमर्शल और इंडस्ट्रियल यूनिट्स में किराये पर कर लगता है, लेकिन आवासीय परिसरों को इससे बाहर रखा गया था। हालांकि अभी यह तय नहीं है कि टैक्स की दर क्या होगी।